क्या मंदिर के नियमों को बदल सकता है कोई सदस्य? सबरीमाला केस में धार्मिक आजादी और अनुशासन पर SC में तीखी बहस

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सबरीमाला मामले में सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ के समक्ष वरिष्ठ वकील गोपाल सुब्रमणियम ने महत्वपूर्ण दलीलें दीं. उन्होंने कहा कि अनुच्छेद 25 और 26 के तहत व्यक्तिगत और सामूहिक धार्मिक स्वतंत्रता अविभाजित है. सुब्रमणियम ने स्पष्ट किया कि धर्म के चार स्तंभ हैं दर्शन, प्रथाएं, पूजा और आस्था। उन्होंने जोर दिया कि मंदिरों में प्रवेश का अधिकार सभी संप्रदायों के लिए खुला होना चाहिए और संप्रदाय के भीतर आंतरिक मतभेद व बहस भी संवैधानिक स्वतंत्रता का हिस्सा है.   Read More ...

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