निर्वस्त्र, अधनंगे, भूखे-प्यासे बच्चे देख भय लगता है... नीतीश कुमार की 28 साल पुरानी स्पीच जब सदन में खामोश होकर सुनते रहे सांसद
Nitish Kumar News : समय बीता, राजनीति बदली और चेहरे बदल गए... 2005 के बाद बिहार में नीतीश कुमार आए तो ऐसी कई योजनाएं लागू हुईं जिसने बिहार की बदहाली की तस्वीर बदलने की कहानी भी लिखी. नीतीश कुमार के समर्थक कहते हैं कि 1996 में जो पीड़ा लोकसभा की स्पीच में दिखी थी, वही बाद की नीतियों की नींव बनी. जबकि, आलोचक याद दिलाते हैं कि सबकुछ सही नहीं, बल्कि चुनौतियां अब भी बाकी हैं. लेकिन इसके साथ एक बात साफ है. 28 नवंबर 1996 की वह बहस सिर्फ संसदीय रिकॉर्ड नहीं थी, बल्कि समाज की वो हकीकत की चर्चा थी जो आज भी प्रासंगिक है. Read More ...
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